Home Sahitya Gazal ईहे सुराज ह... आसिफ रोहतासवी के गजल

ईहे सुराज ह... आसिफ रोहतासवी के गजल

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कवि परिचय : आसिफ रोहतासवी के नांव से गजल लिखे वाला डॉ. इन्द्र नारायण सिंह जी भोजपुरी के एगो प्रसिद्ध गजलकार हईं। सम्प्रति उहाँ का पटना सायंस कॉलेज में हिन्दी के व्याख्याता बानी।


रोटी क बदे लोग अबो मोहताज ह,
गाँधी क इहे ख्वाब, इहे रामराज ह।

जेकर भरल बखार ह, ओकरे भरात ह,
हमहन क 'मवसर' कहाँ साबुत अनाज ह।

बड लोग बइठ गइल ह बिल्कुल उघार के,
मुँदले ह पलक, लाज ना तनिको लिहाज ह।

दादा क जमाना ले हक से बेदखल हईं,
आजो मगर कहात ह - 'तहरे प ताज ह' ।

गोरन क गुलामी उ बलुक रह गइल रहित,
पहरा ह अब त साँस प, ईहे 'सुराज' ह।

 
Comments (2)
ihe suraj ha
1 Tuesday, 18 August 2009 16:53
shrikant chatturvedi
bahut badhiya lagal .pura paridrishya spasht ho gail sadhu wad
Comment
2 Saturday, 02 January 2010 19:54
Md Sohail
Bahut achha gazal bate.....
fer se ego naya irshad karin,,,,,,,,
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