लखनऊ। समाजवादी पार्टी एहिजा पार्टी विरोधी गतिविधियन के आरोप में पूर्व महासचिव अमर सिंह के बाहर के रास्ता दिखा देहलस। अमर का संगे-संगे सांसद जया प्रदा के बाहर निकाल दिहल गइल बा, जबकि पार्टी के 4 विधायकन के सस्पेंड कइल गइल बाटे। एह बात के ऐलान पार्टी के महासचिव मोहन सिंह लखनऊ में कइलन। लखनऊ में समाजवादी पार्टी के नवनियुक्त महासचिव मोहन सिंह कहलन कि अमर सिंह के पार्टी विरोधी गतिविधियन के आरोप में एसपी से बाहर निकाले के फैसला कइल गइल बाटे। एकरा अलावा पार्टी के 4 विधायक संदीप अग्रवाल, मदन चौहान, अशोक चंदेल आ सर्वेश सिंह के भी पार्टी से सस्पेंड कइल गइल बाटे, जबकि रामपुर से पार्टी के सांसद जया प्रदा के भी पार्टी से बाहर कइ दिहल गइल बा। आज पार्टी अध्यक्ष मुलायम सिंह यादव का अध्यक्षता में भइल बैठक में ई निर्णय लिहल गइल।
एह घटनाक्रम के बाद अमर सिंह कहलन कि हम त अपना शारीरिक अस्वस्थता का चलते छुट्टी मँगले रहनी, लेकिन हमरा के जबरदस्ती पार्टी से निकाल दिहल गइल। मुलायम के खिलाफ इशारा ही इशारा में अमर कहलन कि परिवारवाद, जातिवाद आ तानाशाही से कवनो पार्टी ना चल सकेले।
समाजवादी पार्टी के एह कदम के बाद उत्तर प्रदेश के राजनीतिक गलियारा में ई सवाल खडा हो गइल बा कि अमर खुद आपन पार्टी बनइहें, या फिर बसपा से जुडिहें। समाजवादी पार्टी से अमर के निकाले के बाद भोजपुरी अभिनेता मनोज तिवारी भी पार्टी से इस्तीफा दे देले बाडे। वइसे अभी ई तय नइखे कि मनोज अमर सिंह का संगे जइहें, या कवनो अउर पार्टी से जुडिहें। दोसरा ओर राज्यसभा सांसद जया बच्चन भी अमर सिंह के पक्ष में खुल के आ गइल बाडी।
एहिजा ई बतावल जरुरी बा कि समाजवादी पार्टी के प्रमुख नेता रामगोपाल यादव, मोहन सिंह आ जनेश्वर मिश्र से भइल खटपट का वजह से अमर सिंह कुछ दिन पहिले पार्टी के महासचिव पद से इस्तीफा दे देले रहलन। ओकरा बाद ऊ एगो गैर राजनीतिक मंच "लोक मोर्चा" के स्थापना भी कइले रहलन। बाद में ऊ समाजवादी पार्टी के कार्यशैली पर लगातार हमला बोलत गइलन, जवना से इ लागे लागल रहे कि अमर का ऊपर कारवाई पार्टी के मजबूरी बा।



