Home Samachar Bihar अब देश के माडल राज्य बनी बिहार: न्यूयार्क टाइम्स

अब देश के माडल राज्य बनी बिहार: न्यूयार्क टाइम्स

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पटना। बिहार के बदलाव के गूंज पर न्यूयार्क टाइम्स में प्रकाशित एगो आलेख भी मुहर लगवले बाटे। 10 अप्रैल के एह अखबार में प्रकाशित एल. पोलग्रीन के आलेख- बिहार अब देश के एगो माडल राज्य बनी (Turnaround of India State Could Serve as a Model) - में बदलत बिहार के तस्वीर पेश कइल गइल बाटे। एह आलेख में राज्य के विकास दर का संगे-संगे गांव तक में परिवर्तन के संकेत के जिक्र कइल गइल बाटे। एह आलेख में भोजपुर के एगो गांव के उदाहरण भी दिहल गइल बाटे।

आलेख में बतावल गइल बा कि कइसे ओह बिहार में कानून के राज स्थापित भइल, जहंवा पहिले जंगलराज रहे। अपहरण एगो उधोग के रुप ले लेले रहे, आ जातिगत उन्माद का संगे-संगे हिन्दू-मुस्लिम संघर्ष भी रोजमर्रा के बात रहे। अपराधियन के पुलिस के संरक्षण प्राप्त रहे। किसान बाढ़-सुखाड़ से त्रस्त रहलन। अइसन हालात में आर्थिक विकास के बात भी बेमानी रहे। एही कुल्ह कारण से बिहार में जंगल राज के बात कहल जात रहे। लेकिन उहे बिहार अब बदल गइल बा, अउर 11 प्रतिशत के औसत विकास दर हासिल कइ के ई देश के दूसरा सबसे तेज विकास दर हासिल करे वाला राज्य बन चुकल बाटे।

एह आलेख में आद्री के निदेशक शैबाल गुप्ता के हवाले से कहल गइल बा कि यदि बिहार बदल सकेला, त भारत के कवनो हिस्सा में परिर्वतन संभव बा। बेहतर नीति, सुदृढ़ प्रशासन अउर बेहतर कानून व्यवस्था से कुछ भी संभव बाटे। एहिजा एह बात के रेखांकित कइल गइल बा कि नीतीश कुमार के सत्ता में अइला के बाद सबसे पहिले पुलिस महकमा में एह बात के संकेत दिहल गइल कि कानून के राज स्थापित कइल सरकार के प्राथमिकता हवे। संगठित अपराध आ अपराध के प्राप्त राजनीतिक संरक्षण के पर कतर दिहल गइल। वइसन कई गो राजनीतिज्ञन के जेल के हवा खाये के पड़ल अउर उनकर स्पीडी ट्रायल भइल, जिनकर अपराध में संलिप्तता रहे। एह में से कई गो सांसद अउर विधायक भी रहलन।

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के एगो साक्षात्कार के हवाले से कहल गइल बा कि बिहार में सरकार अउर प्रशासन नाम के कवनो चीज ना रहे। जब नीतीश कुमार सत्ता संभरलन तब सरकारी दफ्तरन में धूल से सनल फाइल आ रेमिंग्टन टाइपराइटर के कार्यसंस्कृति रहे। लेकिन, अब ई सब कुछ बदल गइल बाटे। अपराध पर नियंत्रण के बाद सबसे बेसी जोर स्कूल अउर अस्पतालन के संचालन के ठीक करे पर रहल। पहिले 25 लाख बच्चा स्कूल के  पहुंच से दूर रहले सन, जवन संख्या अब घट के 8 लाख से भी कम हो गइल बाटे। एह आलेख में एह बात पर भी आश्चर्य व्यक्त कइल गइल बा कि जवना भूमि पर बुद्ध के ज्ञान मिलल रहे, अउर जवना माटी के वैभव दक्षिण एशिया के देशन में सबसे मजबूत सल्तनत के रहल, आखिर ओकर एतना अवनति कइसे हो गइल?

एह आलेख में भोजपुर के पवना गांव के उदाहरण दिहल गइल बाटे। ई कहल गइल बा कि परिवर्तन अउर ओकर सीमा एह गांव में साफ दिखाई दे रहल बाटे। जवन गांव तक आरा से पहुंचे में पहिले 2 घंटा के समय लागत रहे, ओहिजे अब बढिया सड़क के कारण लोग आधा घंटे में पहुंच जाला। गांव के गलियन में सौर ऊर्जा के दुधिया रोशनी बिखरल बाटे, अउर गांव के बाजार अब सूर्यास्त होते साथ बंद नइखे होत। गांव में नया पुलिस थाना, कई गो स्कूल अउर नया वाटर पंप बदलाव के चिन्ह हवे, लेकिन एही गांव में गुलाब चंद राम जइसन दलित भी बाडे, जे जमीन आ जल से अब तक खुद के वंचित होखे के बात कहत बाडन। दोसर उदाहरण गंगोत्री आयर एंड स्टील कंपनी, बिहटा के प्रबंधक उमेश सांगरेयाम के बा, जवना में ऊ कहले बाडन कि यदि फिर से गलत हाथन में सत्ता गइल, त सब कुछ खतम हो जाई। आलेख में प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के नवंबर में दिहल भाषण के कुछ पंक्ति दोहरावल गइल बाटे, जवना में ऊ कहले रहलन कि - "भारत में वास्तविक परिवर्तन तबे होई जब हम बेहतर राज्य अउर स्थानीय प्रशासन पाएब।"

कुल मिला के कहल जा सकेला कि पहिले न्यूजवीक आ ओकरा बाद अब न्यूयार्क टाइम्स में छपल ई आलेख राज्य सरकार के सफलता के कहानी पर मुहर लगा रहल बाटे। एगो पिछडा मानल जाये वाला राज्य में एह बदलाव के खास मायने बा। एक तरह से कहल जा सकेला कि नीतीश कुमार के सुशासन आपन असर देखा रहल बाटे। बिहार बाकी राज्यन खातिर एगो मॉडेल का तौर पर उभर रहल बाटे। (जागरण)

न्यूयार्क टाइम्स के वेबसाइट पर रउआ एह आलेख के एहिजा पढ सकेनी:
http://www.nytimes.com/2010/04/11/world/asia/11bihar.html

 


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Comments (2)
Road Problem
1 Saturday, 17 April 2010 17:29
Faiz Ahmed
Bihar ki tarakki to ho rahi hai lag raha hai main ek bihari hun mera gaon Mahui Balha Post Naya Mohammed pur hai hamari gaon ki halat 1975 main jaisi thi us se bhi battar hai sakaddi se jamalpur ka jo rasta hai jo ara jane ke liye hai uski halat bahut hi kharab hai. kirpya dhayan dene ki jarurat hai gaon ki tarakki matlab usrajya ki tarakki, rajya ki tarakki matlab us desh ki tarakki.
Mahui Balha ka Khasta Halat
2 Saturday, 23 July 2011 12:48
Faiz Ahmed
Bihar ki tarakki to ho rahi hai lag raha hai main ek bihari hun mera gaon Mahui Balha Post Naya Mohammed pur Bhojpur(Ara) hai hamari gaon ki halat 1975 main jaisi thi us se bhi battar hai gaon ke liye aaj bhi kachi road hai gaon main nali sarak aaj tak nahi bana hai bijli ki dikkat hai. kirpya dhayan dene ki jarurat hai gaon ki tarakki matlab usrajya ki tarakki, rajya ki tarakki matlab us desh ki tarakki. Sukriya