Home Samachar Uttar Pradesh गन्ना के दाम पर सुलगल पश्चिमी उत्तर प्रदेश

गन्ना के दाम पर सुलगल पश्चिमी उत्तर प्रदेश

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लखनऊ। गन्ना के दाम के लेके उत्तर प्रदेश में चल रहल किसानन के आंदोलन अब सूबा के कानून व्यवस्था खातिर एगो चुनौती बन गइल बाटे।

गन्ना के समर्थन मूल्य के विरोध में आज एहिजा कई जगह पर खेत में गन्ना जरावल गइल। केन्द्र सरकार का ओर से घोषित गन्ना के समर्थन मूल्य के विरोध में काल्ह सहारनपुर में गन्ना जलाते समय कुछ किसान आग से जल गइले सन, जवना में दूगो के हालत गंभीर बा। एही बीचे आज गढ़ मुक्तेश्वर में किसानन के कुछ संगठन अपना समर्थन मूल्य खुद तय करे के एलान कइले सन।

दोसरा ओर एही मुद्दा पर पांच नवंबर के मेरठ में राष्ट्रीय लोकदल एगो महापंचायत बोलवले बा। एह पंचायत में सभ सहकारी गन्ना समिति के निदेशक भी शामिल होइहें। जबकि गन्ना के मुद्दा पर ही बरेली में भइल किसान पंचायत में किसान नेता महेन्द्र सिंह टिकैत, हरकिशन मलिक आ बीएम सिंह एह मुद्दा के लेके आंदोलन छेडे के एलान कइले रहले, जवना के बाद समूचा पश्चिमी उत्तर प्रदेश के किसान सड़क पर उतर गइल बा लोग।

एक ओर केन्द्र सरकार के समर्थन मूल्य के किसान संगठन बहुत ही कम बता रहल बाडे सन, ओहिजे दोसरा ओर केंद्र के रुख के खिलाफ उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री मायावती भी आपन नाराजगी जता चुकल बाडी। जब से किसान लोग कच्ची चीनी जराये के ऐलान कइले बा, तब से प्रशासन चीनी मिलन के सुरक्षा के लेकर चिंतित बाटे। क अम समर्थन मूल्य के परेशान ओहिजा के किसानन के गुस्सा एह बात से भी बा कि एह महीना उत्तर प्रदेश में बाहर से आयात होके 93,000 टन कच्ची चीनी के आये के उम्मेद बा, जेकर प्रोसेसिंग एहिजे कइल जाई। सरकार के डर बा कि एह चीनी के लेके आ रहल मालगाडी आ ट्रकन के किसान आपन निशाना बना सकेले।

भारतीय किसान यूनियन आ बाकी संगठन भी किसानन से अब गन्ना जराये का जगह बाहर से आ रहल  कच्ची चीनी के जराये के कह तारे सन। किसान यूनियन के माँग बा कि गन्ना के दाम 300 रुपया प्रति क्विंटल कइल जाव।